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NMC की MBBS डिग्री पर विवाद: छात्रों के लिए बढ़ी उलझन

नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के भिन्न बयानों ने जॉर्जिया में MBBS अध्ययन करने वाले छात्रों के लिए भ्रम की स्थिति पैदा कर दी है। शिक्षा सलाहकार इस स्थिति का लाभ उठाकर छात्रों को गुमराह कर रहे हैं, जिससे उनके करियर पर खतरा मंडरा रहा है। इस लेख में, हम NMC के विवादास्पद उत्तरों, जॉर्जिया के नियमों और छात्रों की सुरक्षा के लिए उठाए जाने वाले कदमों पर चर्चा करेंगे।
 

NMC के विवादास्पद बयान



नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के MBBS डिग्री के संबंध में जॉर्जिया जैसे देशों में अध्ययन करने के बारे में दिए गए भिन्न बयानों ने छात्रों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा कर दी है। NMC द्वारा दिए गए उत्तरों ने केवल स्थिति को और जटिल बना दिया है।


विदेश में चिकित्सा अध्ययन का महत्व

विदेश में डॉक्टर बनने का सपना देखने वाले छात्रों के लिए यह एक महत्वपूर्ण समाचार है। NMC के भिन्न बयानों के कारण, कुछ "शिक्षा सलाहकार" और एजेंट छात्रों को गुमराह कर रहे हैं, जिससे हजारों भविष्य के डॉक्टरों के करियर पर खतरा मंडरा रहा है।


विवाद का कारण क्या है?

विदेशी चिकित्सा संस्थान से MBBS डिग्री प्राप्त करने के बाद भारत में चिकित्सा का अभ्यास करने के लिए छात्रों को विदेशी चिकित्सा स्नातक परीक्षा (FMGE) पास करनी होती है। इस संदर्भ में, दो छात्रों ने प्रधानमंत्री की शिकायत पोर्टल पर अलग-अलग समय पर समान प्रश्न पूछे। उन्होंने पूछा कि क्या जॉर्जिया में 6 साल का MBBS कोर्स पूरा करने वाले छात्र FMGE में बैठने के योग्य होंगे। NMC के उत्तरों ने केवल भ्रम को बढ़ाया है।


NMC का विदेश से MBBS डिग्री पर क्या कहना है?

24 सितंबर को, NMC ने अपनी 2021 की नियमावली का हवाला देते हुए स्पष्ट किया कि विदेशी डिग्री तभी मान्य होगी जब संबंधित देश, जैसे जॉर्जिया, पाठ्यक्रम पूरा करने के तुरंत बाद छात्रों को स्वतंत्र चिकित्सा अभ्यास के लिए लाइसेंस प्रदान करे। हालांकि, 13 अक्टूबर को एक अन्य उम्मीदवार ने वही प्रश्न पूछा, तो NMC का रुख बदल गया। इस बार, कमीशन ने कहा कि स्वतंत्र लाइसेंसिंग प्रणाली के प्रावधानों की समीक्षा एक सक्षम प्राधिकरण और विशेषज्ञ समिति द्वारा की जा रही है। जब एक तीसरे छात्र ने पूछा कि इनमें से कौन सा उत्तर सही है, तो NMC ने केवल 2021 की नियमावली को दोहराया।


शिक्षा सलाहकार छात्रों को गुमराह कर रहे हैं

दिल्ली उच्च न्यायालय के वकील सचिन जैन का कहना है कि शिक्षा सलाहकार इस अस्पष्टता का लाभ उठाकर छात्रों को गुमराह कर रहे हैं। ये सलाहकार छात्रों को NMC के दूसरे उत्तर को दिखाकर यह विश्वास दिलाते हैं कि स्वतंत्र लाइसेंस की आवश्यकता जल्द ही समाप्त हो जाएगी। कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे झूठे वादे छात्रों के भविष्य को बर्बाद कर सकते हैं।


जॉर्जिया के NCEQE के नियमों से भी भ्रम

जॉर्जिया के राष्ट्रीय शिक्षा गुणवत्ता संवर्धन केंद्र (NCEQE) द्वारा जारी 'अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों' ने स्थिति को और जटिल बना दिया है। NCEQE का कहना है कि जॉर्जिया NMC की सभी आवश्यकताओं को पूरा करता है, लेकिन उनके अपने नियमों के अनुसार, MD कार्यक्रम के स्नातक बिना अतिरिक्त परीक्षाओं के जूनियर डॉक्टर के रूप में काम करने के योग्य हैं, लेकिन स्वतंत्र रूप से अभ्यास करने की अनुमति नहीं है।


अब क्या किया जाना चाहिए?

इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, कानूनी विशेषज्ञों और वकीलों ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय और NMC से अनुरोध किया है कि वे विदेशी विश्वविद्यालयों की एक स्पष्ट सूची जारी करें जो विदेशी चिकित्सा स्नातकों (FMGs) के लिए सभी पात्रता मानदंडों को पूरा करते हैं।