Logo Naukrinama

Faridabad और जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी हमले की साजिश का पर्दाफाश

फरीदाबाद और जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़े आतंकवादी हमले की साजिश का पर्दाफाश किया है। इस ऑपरेशन में डॉ. मुजम्मिल शकील सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके कमरे से विस्फोटक और हथियार बरामद किए हैं। अल-फालाह विश्वविद्यालय से जुड़े इस मामले में जांच एजेंसियों का मानना है कि यह साजिश एक बड़े नेटवर्क का हिस्सा है। जानें इस विश्वविद्यालय और इसके पाठ्यक्रमों के बारे में अधिक जानकारी।
 
Faridabad और जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी हमले की साजिश का पर्दाफाश

महत्वपूर्ण ऑपरेशन का खुलासा



फरीदाबाद और जम्मू-कश्मीर में एक संयुक्त ऑपरेशन ने देशभर में चर्चा का विषय बना दिया है। सुरक्षा एजेंसियों ने मिलकर एक बड़े आतंकवादी हमले की साजिश का खुलासा किया है। इस ऑपरेशन में सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें से सबसे चौंकाने वाला नाम डॉ. मुजम्मिल शकील है। पुलिस के अनुसार, वह फरीदाबाद के अल-फालाह विश्वविद्यालय से जुड़े थे, और उनके कमरे से 360 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट, एक AK-47 राइफल, और सैकड़ों कारतूस बरामद हुए हैं। मुजम्मिल, जो एक चिकित्सा पेशेवर थे, विश्वविद्यालय में पढ़ाते थे, लेकिन अब आतंकवाद की ओर मुड़ गए हैं।


साजिश का बड़ा नेटवर्क

जांच एजेंसियों का संदेह है कि उन्होंने अपने चिकित्सा ज्ञान का उपयोग करके विस्फोटक तैयार किए। उनके पास मिले गोला-बारूद से एक बड़े साजिश का संकेत मिलता है। पुलिस का कहना है कि यह नेटवर्क हरियाणा तक सीमित नहीं है, बल्कि जम्मू-कश्मीर, दिल्ली और गुजरात से भी जुड़ा हुआ है। वास्तव में, इस सप्ताह गुजरात एंटी-टेरेरिज्म स्क्वाड (ATS) ने हैदराबाद से एक MBBS डॉक्टर सहित तीन संदिग्ध आतंकवादियों को गिरफ्तार किया।


अल-फालाह विश्वविद्यालय की जानकारी

विश्वविद्यालय की स्थापना कब हुई?


अब हम उस संस्थान की बात करते हैं, जिसका इस मामले में सबसे अधिक उल्लेख किया गया है: फरीदाबाद का अल-फालाह विश्वविद्यालय। यह विश्वविद्यालय 2014 में हरियाणा विधान सभा के विशेष अधिनियम के तहत स्थापित किया गया था और 2015 में यूजीसी मान्यता प्राप्त की। इसका परिसर लगभग 70 एकड़ में फैला हुआ है, जो हरियाणा के नूह सीमा के निकट स्थित है। यहां भारत और अन्य देशों के छात्र पढ़ाई करते हैं। विश्वविद्यालय में एक बड़ा 650-बेड का अस्पताल भी है, जो अल-फालाह स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज और रिसर्च सेंटर का हिस्सा है। यहीं मुजम्मिल जुड़े हुए थे।


विश्वविद्यालय का संचालन

कौन संचालित करता है?


अल-फालाह विश्वविद्यालय का संचालन अल-फालाह चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा किया जाता है। ट्रस्ट विश्वविद्यालय के साथ-साथ कई अन्य संस्थानों का भी संचालन करता है, जिसमें अल-फालाह स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, अल-फालाह स्कूल ऑफ एजुकेशन एंड ट्रेनिंग, अल-फालाह स्कूल ऑफ पैरामेडिकल साइंसेज, और अल-फालाह स्कूल ऑफ कॉमर्स एंड मैनेजमेंट शामिल हैं। इसका मतलब है कि ट्रस्ट ने शिक्षा के लगभग हर क्षेत्र में अपनी जड़ें फैला दी हैं।


कोर्स की पेशकश

कोर्सेस की जानकारी


यह विश्वविद्यालय विभिन्न पाठ्यक्रमों की पेशकश करता है, जिसमें डिप्लोमा, स्नातक, स्नातकोत्तर, और पीएचडी शामिल हैं। इसका मेडिकल कॉलेज भी काफी प्रसिद्ध है, जिसमें लगभग 200 MBBS सीटें और 38 MD सीटें हैं। यहां कुल MBBS फीस लगभग ₹80 लाख है। इसका मतलब है कि अल-फालाह विश्वविद्यालय देश के प्रमुख निजी चिकित्सा संस्थानों में से एक माना जाता है।