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भारत में क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के लिए नए संस्थान: 2026 का बजट

2026 का बजट भारत में क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के लिए एक नई दिशा प्रदान करता है। इस बजट में 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने की योजना है, जो छात्रों को ऑरेंज इकोनॉमी से जोड़ने का प्रयास है। इसके साथ ही, भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के माध्यम से देशभर में 10 नए संस्थान खोले जा रहे हैं। ये संस्थान छात्रों को क्रिएटिव टेक्नोलॉजी में शिक्षा प्रदान करेंगे। जानें इन संस्थानों में कौन से पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं और आवेदन कैसे करें।
 
भारत में क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के लिए नए संस्थान: 2026 का बजट

2026 का बजट: एक नई दिशा



2026 का बजट 2047 के लिए एक मार्गदर्शिका के रूप में देखा जा रहा है। इस बजट में नए भारत के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएँ की गई हैं, जिनमें 15,000 स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब स्थापित करने की योजना शामिल है। केंद्रीय वित्त मंत्री ने इन लैबों की स्थापना को देश की ऑरेंज इकोनॉमी से जोड़ा है। यह माना जा रहा है कि यह घोषणा छात्रों को ऑरेंज इकोनॉमी से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण कदम है। बजट 2026 के अनुसार, स्कूलों में स्थापित होने वाली कंटेंट क्रिएटर लैबों का संचालन भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के सहयोग से किया जाएगा।


भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के बारे में

आइए जानते हैं भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी के बारे में: ये संस्थान क्या हैं? यहाँ कौन से पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं? और इन पाठ्यक्रमों में प्रवेश कैसे प्राप्त किया जा सकता है?


10 क्रिएटिव टेक्नोलॉजी संस्थान खोले जा रहे हैं


वास्तव में, देशभर में 10 भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी खोले जा रहे हैं। भारत सरकार के सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने अक्टूबर 2024 में इस घोषणा की। पहला इंस्टीट्यूट मुंबई में स्थापित किया गया है। इन संस्थानों का उद्देश्य देश की नई पीढ़ी को क्रिएटिव टेक्नोलॉजी शिक्षा प्रदान करना है। क्रिएटिव टेक्नोलॉजी क्षेत्र एक अरबों डॉलर की अर्थव्यवस्था है। इस दृष्टिकोण से, नई पीढ़ी को क्रिएटिव टेक्नोलॉजी शिक्षा देने के लिए एक रोडमैप तैयार किया गया है। अगले 10 वर्षों में 10 भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी स्थापित किए जाने हैं।


मुंबई में भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी में पाठ्यक्रम

मुंबई में भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी पहले से ही शुरू हो चुका है। यहाँ दो साल के डिप्लोमा से लेकर तीन महीने के सर्टिफिकेट पाठ्यक्रमों तक की पेशकश की जा रही है। उदाहरण के लिए, दो साल का डिप्लोमा पाठ्यक्रम, एक साल का डिप्लोमा पाठ्यक्रम, और छह और तीन महीने के सर्टिफिकेट पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। ये सभी पाठ्यक्रम 12वीं कक्षा पास करने के बाद आवेदन के लिए खुले हैं। आइए जानते हैं कि वर्तमान में कौन से डिप्लोमा पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं।


2 साल के डिप्लोमा पाठ्यक्रम


UG डिप्लोमा इन एनिमेशन फिल्म डिज़ाइन


UG डिप्लोमा इन इंटरएक्टिव वीडियो गेम डिज़ाइन और डेवलपमेंट


UG डिप्लोमा इन आर्ट्स, साइंस ऑफ पोस्ट प्रोडक्शन और विज़ुअल इफेक्ट्स


1 साल के डिप्लोमा पाठ्यक्रम


डिप्लोमा इन फिल्म टेक्नोलॉजी और पोस्ट प्रोडक्शन


डिप्लोमा इन विज़ुअल इफेक्ट्स मास्टरी


डिप्लोमा इन आर्ट और कैरेक्टर एवं कैरिकेचर एनिमेशन


डिप्लोमा इन 3D कैरेक्टर और कैरिकेचर डिज़ाइन और वर्ल्ड बिल्डिंग


डिप्लोमा इन 3D टेक्निकल आर्टिस्ट


डिप्लोमा इन इंटरएक्टिव कॉमिक्स और सेक्वेंशियल आर्ट


3 महीने के डिप्लोमा पाठ्यक्रम


सर्टिफिकेट इन सिनेमा वर्चुअल रियलिटी फिल्ममेकिंग


सर्टिफिकेट इन वॉयस एक्टिंग फॉर एनिमेशन और गेमिंग


सर्टिफिकेट इन प्रोडक्शन मैनेजमेंट फॉर एवीजीसी इंडस्ट्री


ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया

मुंबई के भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी में डिप्लोमा और सर्टिफिकेट पाठ्यक्रमों के लिए आवेदन 12वीं कक्षा पास करने के बाद किए जा सकते हैं। इस सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया 5 जनवरी से शुरू हो चुकी है, और वर्तमान में आवेदन स्वीकार किए जा रहे हैं। आवेदन भारतीय इंस्टीट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजी मुंबई की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन किए जा सकते हैं।