राजस्थान SOG ने NEET पेपर लीक मामले में बड़ा खुलासा किया
NEET पेपर लीक मामले में SOG की कार्रवाई
राजस्थान की विशेष ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने NEET पेपर लीक मामले में एक महत्वपूर्ण कार्रवाई की है, जिसमें एक संगठित नेटवर्क का पर्दाफाश किया गया है। जांच में यह पता चला है कि यह गिरोह राजस्थान के सीकर और जयपुर से लेकर गुरुग्राम, देहरादून, नासिक और केरल तक फैला हुआ है।
SOG की लगातार छापेमारी और तकनीकी जांच के परिणामस्वरूप इस रैकेट की कई महत्वपूर्ण कड़ियां उजागर हुई हैं। सूत्रों के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक करने और अभ्यर्थियों से भारी रकम वसूलने में संलग्न था।
जांच में कई संदिग्धों के बीच आर्थिक लेनदेन, कॉल रिकॉर्ड और डिजिटल चैट के सबूत मिले हैं। यह गिरोह विभिन्न राज्यों में सक्रिय एजेंटों के माध्यम से छात्रों तक प्रश्नपत्र पहुंचाने का कार्य करता था। सीकर को इस नेटवर्क का एक प्रमुख केंद्र माना जा रहा है, जहां बड़ी संख्या में छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं।
सूत्रों के अनुसार, पेपर लीक के लिए अभ्यर्थियों से लाखों रुपये वसूले जाते थे। कुछ मामलों में छात्रों को परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने के साथ-साथ 'सुरक्षित परीक्षा केंद्र' और अन्य सुविधाएं देने के आरोप भी सामने आए हैं। SOG की टीमों ने विभिन्न राज्यों में दबिश देकर कई संदिग्धों से पूछताछ की है।
इस मामले के उजागर होने के बाद, देशभर में परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं। लाखों छात्रों और उनके अभिभावकों में नाराजगी का माहौल है, क्योंकि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों ने युवाओं के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ा दी है। वर्तमान में, राजस्थान SOG पूरे नेटवर्क की वित्तीय और तकनीकी जांच में जुटी हुई है, और इस मामले में कई बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
