आरोही देशपांडे की प्रेरणादायक यात्रा: जेईई एडवांस्ड में हासिल किया पहला स्थान
प्रेरणादायक यात्रा:
जब परिवार का समर्थन हो, तो बेटियां क्या कुछ नहीं कर सकतीं, इसका एक बेहतरीन उदाहरण हैं आरोही देशपांडे। इस छात्रा ने जेईई एडवांस्ड 2026 में 77 की रैंक हासिल कर महिला उम्मीदवारों में पहला स्थान प्राप्त किया है। उन्होंने आईआईटी में प्रवेश भी सुनिश्चित कर लिया है। पुणे, महाराष्ट्र की निवासी आरोही की यह सफलता उनके पूरे परिवार की सामूहिक जीत है।
त्याग और मेहनत की कहानी
आरोही की कहानी केवल अंकों की नहीं, बल्कि त्याग की भी है। जब उन्होंने 12वीं के बाद आईआईटी में इंजीनियरिंग करने का सपना अपने माता-पिता को बताया, तो परिवार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया। बेटी की बेहतर तैयारी के लिए पूरा परिवार पुणे छोड़कर राजस्थान के कोटा में बस गया। यहीं से उनका सफर शुरू हुआ, जिसने उन्हें सफलता के शिखर तक पहुंचाया।
परिवर्तन के बावजूद हौसला
जेईई 2026 से लगभग चार साल पहले, आरोही और उनके परिवार ने कोटा का रुख किया। उनके माता-पिता दोनों नौकरी करते हैं और कोटा में रहकर वर्क फ्रॉम होम करते रहे, ताकि उनकी बेटी को अच्छी तैयारी का अवसर मिल सके। उनका छोटा भाई भी 11वीं कक्षा में है और वह भी कोटा में रहकर जेईई की तैयारी कर रहा है।
कोटा का चयन क्यों?
एलन करियर इंस्टीट्यूट को दिए एक साक्षात्कार में, आरोही ने बताया कि कोटा चुनने का मुख्य कारण यहां का प्रतिस्पर्धात्मक माहौल था। इसके साथ ही, उन्हें अपने समय का सही प्रबंधन भी करना था। उन्हें विश्वास था कि यहां रहकर उनकी पढ़ाई को सही दिशा और गति मिलेगी, और उनका निर्णय सही साबित हुआ।
परीक्षा से पहले आई चुनौतियाँ
जेईई से पहले अचानक आरोही की तबीयत बिगड़ गई। हालात आसान नहीं थे, लेकिन उन्होंने अपनी तैयारी जारी रखी। कोचिंग क्लास के अलावा, उन्होंने रविवार और छुट्टियों में भी पढ़ाई की और छूटे हुए विषयों का बैकलॉग पूरा किया। उनकी इस दृढ़ता ने उन्हें बीमारी के दौर से पार निकालने में मदद की।
280 अंकों से मिली आईआईटी की सीट
जॉइंट इंप्लीमेंटेशन कमेटी की 2026 की हालिया रिपोर्ट के अनुसार, आरोही ने जेईई एडवांस्ड में 360 में से 280 अंक प्राप्त किए और आईआईटी की सीट पक्की कर ली। परिणाम के बाद, उन्होंने बताया कि वे आईआईटी बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग करना चाहती हैं। उनकी कहानी यह दर्शाती है कि संकल्प, सही रणनीति, मेहनत और परिवार का साथ सपनों को साकार कर सकता है।
