महिलाओं की भर्ती के लिए भारतीय सेना की नई पहल
भारतीय सेना में महिलाओं की भर्ती की तैयारी
भारतीय सेना की पहल: भारतीय सेना अब क्षेत्रीय सेना में महिलाओं की संख्या बढ़ाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रही है। पहली बार, महिला कैडर की भर्ती पर सक्रिय रूप से विचार किया जा रहा है। यह पहल एक पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू होगी, जिसमें प्रारंभ में केवल कुछ विशेष बटालियनों में महिलाओं को शामिल किया जाएगा। आइए जानते हैं क्षेत्रीय सेना के बारे में।
महिलाओं की भर्ती की प्रक्रिया
महिलाओं की भर्ती की योजना:
भारतीय सेना क्षेत्रीय सेना बटालियनों में महिला कैडर को शामिल करने की योजना पर काम कर रही है। यह प्रक्रिया एक पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू होगी, जिसमें सीमित संख्या में बटालियनों में महिलाओं की भर्ती की जाएगी। सूत्रों के अनुसार, इस प्रारंभिक चरण में प्राप्त फीडबैक के आधार पर इसे भविष्य में बढ़ाया जा सकता है।
महिलाओं की भूमिका को मजबूत करने की दिशा में सरकार का प्रयास
सरकार लंबे समय से सशस्त्र बलों में महिलाओं की भूमिका को मजबूत करने के लिए प्रयासरत है। मार्च 2022 में, रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट ने संसद में बताया कि महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने की नीति को लगातार समीक्षा और सुधार किया जा रहा है।
क्षेत्रीय सेना क्या है?
क्षेत्रीय सेना एक स्वैच्छिक सेवा है जिसमें नागरिक अपने रोजगार या व्यवसाय को जारी रखते हुए देश की रक्षा में योगदान कर सकते हैं। यह उन युवाओं के लिए एक अवसर है जो किसी कारणवश नियमित सेना में शामिल नहीं हो सकते। प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है, और सेना उनकी सेवाओं का उपयोग आवश्यकतानुसार करती है। हालांकि, यह एक नियमित नौकरी नहीं है और स्थायी रोजगार की गारंटी नहीं है। क्षेत्रीय सेना कई महत्वपूर्ण अभियानों का हिस्सा रही है और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान आवश्यक सेवाओं को बहाल करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
महेंद्र सिंह धोनी का क्षेत्रीय सेना से जुड़ाव
महेंद्र सिंह धोनी का योगदान:
पूर्व भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी भी क्षेत्रीय सेना से जुड़े हुए हैं। उन्हें सेना द्वारा मानद लेफ्टिनेंट कर्नल का रैंक दिया गया है। यह सम्मान उन्हें राष्ट्र के प्रति उनके योगदान और उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए दिया गया।