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IISER Tirupati और Melbourne University का नया 2+2 डुअल-डिग्री प्रोग्राम

IISER Tirupati और University of Melbourne ने विज्ञान छात्रों के लिए एक नया 2+2 डुअल-डिग्री प्रोग्राम शुरू किया है। इस कार्यक्रम के तहत, छात्र पहले दो साल भारत में और अगले दो साल ऑस्ट्रेलिया में अध्ययन करेंगे। छात्रों को इस कार्यक्रम के माध्यम से दो डिग्रियाँ प्राप्त होंगी। प्रवेश के लिए विशेष परीक्षा आयोजित की जाएगी, और छात्रों को कुछ शैक्षणिक मानदंडों को पूरा करना होगा। इस लेख में इस कार्यक्रम के सभी विवरण, अध्ययन के क्षेत्र, और अन्य विश्वविद्यालयों में समान विकल्पों के बारे में जानकारी दी गई है।
 

विदेश में अध्ययन का नया अवसर



विज्ञान के छात्रों के लिए विदेश में अध्ययन करने का एक नया विकल्प सामने आया है। IISER तिरुपति में दो साल की पढ़ाई पूरी करने के बाद, छात्रों को ऑस्ट्रेलिया के यूनिवर्सिटी ऑफ मेलबर्न में अपनी शिक्षा जारी रखने का अवसर मिलेगा। इस पाठ्यक्रम के पूरा होने पर, छात्रों को दो डिग्रियाँ प्राप्त होंगी।


डुअल-डिग्री प्रोग्राम का विवरण

IISER तिरुपति और यूनिवर्सिटी ऑफ मेलबर्न ने एक नया चार वर्षीय डुअल-डिग्री प्रोग्राम शुरू किया है। इस पहल के तहत, छात्र पहले दो साल भारत में और अगले दो साल ऑस्ट्रेलिया में अध्ययन करेंगे। इस कार्यक्रम का उद्घाटन 12 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में मेलबर्न ग्लोबल सेंटर में किया गया।


2+2 डुअल-डिग्री प्रोग्राम क्या है?


इस कार्यक्रम की एक प्रमुख विशेषता यह है कि छात्रों को चारों साल विदेश में नहीं रहना है। पहले दो साल की पढ़ाई IISER तिरुपति में होगी। इसके बाद, जो छात्र निर्धारित शैक्षणिक मानदंडों को पूरा करेंगे, वे ऑस्ट्रेलिया जाकर तीसरे और चौथे वर्ष की पढ़ाई पूरी करेंगे। यह मॉडल छात्रों को भारतीय संस्थान में शिक्षा शुरू करने और अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक अनुभव प्राप्त करने की अनुमति देता है। IISER तिरुपति के निदेशक के अनुसार, यह मॉडल चारों साल विदेश में अध्ययन करने की तुलना में कुल लागत को कम कर सकता है। हालांकि, कार्यक्रम की फीस और अन्य खर्चों की जानकारी आधिकारिक दस्तावेजों के माध्यम से सत्यापित करना उचित है।


प्रवेश की आवश्यकताएँ

प्रवेश परीक्षा: इस कार्यक्रम के लिए IISER एप्टीट्यूड टेस्ट (IAT) के माध्यम से प्रवेश नहीं होगा; इसके लिए एक अलग प्रवेश परीक्षा की योजना बनाई गई है।


सीटों की संख्या: पहले बैच में लगभग 50 छात्रों को प्रवेश मिलने की उम्मीद है। अंतिम संख्या प्राप्त आवेदनों पर निर्भर करेगी।


न्यूनतम अंक: पहले दो साल की पढ़ाई के बाद मेलबर्न जाने के लिए छात्रों को कम से कम 70 प्रतिशत अंक या समकक्ष CGPA प्राप्त करना होगा।


अंग्रेजी भाषा की दक्षता: छात्रों को IELTS, TOEFL, या किसी मान्यता प्राप्त अंग्रेजी दक्षता परीक्षा में निर्धारित मानकों को पूरा करना होगा।


अन्य शर्तें: संबंधित पाठ्यक्रम के लिए विशिष्ट पात्रता मानदंडों को भी पूरा करना अनिवार्य है।


आवेदन की जानकारी: आवेदन की तिथियों, फीस और प्रवेश परीक्षाओं के बारे में विस्तृत जानकारी के लिए दोनों संस्थानों की आधिकारिक वेबसाइटों पर नजर रखें।


अध्ययन के क्षेत्र

छात्रों को जैव प्रौद्योगिकी, रसायन विज्ञान, पारिस्थितिकी विज्ञान, पर्यावरण विज्ञान, खाद्य विज्ञान, आनुवंशिकी, भौतिकी, और पौधों के विज्ञान सहित आठ विज्ञान से संबंधित विषयों में अध्ययन करने का विकल्प मिलेगा। पाठ्यक्रम में शामिल छात्र 'साइंस ग्लोबल स्कॉलर्स प्रोग्राम' का हिस्सा होंगे, जो उन्हें अनुसंधान और अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लेने के अवसर प्रदान करेगा। इसके अलावा, छात्र मास्टर डिग्री के लिए भी आवेदन करने के योग्य होंगे।


अन्य विश्वविद्यालयों में समान विकल्प

विदेश में अध्ययन करने के इच्छुक छात्रों के लिए अन्य '2+2' कार्यक्रमों का भी अन्वेषण किया जा सकता है। मणिपाल विश्वविद्यालय जयपुर और यूनिवर्सिटी ऑफ मेलबर्न के बीच एक समान डुअल-डिग्री कार्यक्रम उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त, नर्मदा विश्वविद्यालय कुछ विषयों के लिए अमेरिका, कनाडा, और ऑस्ट्रेलिया के विश्वविद्यालयों में आगे की पढ़ाई के लिए रास्ते प्रदान करता है। कृपया ध्यान दें कि विदेशी संस्थानों के लिए पात्रता मानदंड, फीस, और प्रवेश आवश्यकताएँ प्रत्येक कार्यक्रम के लिए भिन्न हो सकती हैं।


महत्वपूर्ण आधिकारिक लिंक:

IISER Tirupati


University of Melbourne – Science


University of Melbourne से आधिकारिक घोषणा